जानिए कैसा रहेगा आपका जीवन।
अपने जीवन की भविष्यवाणियां पढ़ें।

सूर्य कर्क/श्रावण संक्राँति 2021

ज्योतिर्विद डी डी शास्त्री
ॐ घृणि सूर्याय नमः ... "नवग्रह अधिपति भगवान सूर्य नारायण के मिथुन राशि से आगे बढ़ कर कर्क राशि में प्रवेश करना ही "कर्क संक्रांति" कहलाता हैं,वर्ष 2021 में श्रावण संक्रान्ति का समय 16 जुलाई को मनाई जाएगी,संक्रांति के पुण्य काल समय दान, जप, पूजा पाठ इत्यादि का विशेष महत्व होता है इस समय पर किए गए दान पुण्य का कई गुना फल प्राप्त होता है. ऐसे में शंकर भगवान की पूजा का विशेष महत्व माना गया है.! सूर्य का एक राशि से दूसरा राशि में प्रवेश 'संक्रांति' कहलाता है,सूर्य उत्तरायण मकर संक्रांति पर तथा दक्षिणायन कर्क संक्रांति पर होते हैं, श्रावण से पौष' मास तक सूर्य का उत्तरी छोर से दक्षिणी छोर तक जाना दक्षिणायन होता है.कर्क संक्रांति से दिन छोटे और रातें लम्बी होनी लगाती हैं.धर्मशास्त्रों के अनुसार उत्तरायण का समय देवताओं का दिन तथा दक्षिणायन के समय देवताओं की रात्री होती है,इसी प्रकार वैदिक काल से उत्तरायण को देवयान व दक्षिणायन को पितृयान भी कहा जाता है."!

-:'कर्क संक्रांति में स्नान दान का शुभ समय':- 16 जुलाई को बृहस्पतिवर के दिन प्रात:काल 10:46 कर्क संक्रांति का आरंभ होगा.इस समय पर कन्या लग्न का उदय होगा.कर्क संक्रांति का पुण्य काल सूर्योदय के बाद से आरंभ होगा.संक्रांति पुण्य काल का समय शाम 17:10 तक रहेगा.!

-:'कर्क संक्रांति पूजन':-
कर्क संक्रांति समय काल में सूर्य पितरों का अधिपति माना जाता है. इस काल में षोड़श कर्म और अन्य मांगलिक कर्मों के आतिरिक्त अन्य कर्म ही मान्य होते हैं. श्रवण मास में विशेष रुप से श्री भगवान भोले नाथ की पूजा- अर्चना कि जाती है. इस माह में भगवान भोलेनाथ की पूजा करने से पुण्य फलों में वृ्द्धि होती है.!

इस मास में प्रतिदिन श्री शिवमहापुराण व शिव स्तोस्त्रों का विधिपूर्वक पाठ करके दुध, गंगा-जल, बिल्बपत्र, फल इत्यादि सहित शिवलिंग का पूजन करना चाहिए. इसके साथ ही इस मास में "ऊँ नम: शिवाय:" मंत्र का जाप करते हुए शिव पूजन करना लाभकारी रहता है. इस मास के प्रत्येक मंगलवार को श्री मंगलागौरी का व्रत, पूजान इतियादि विधिपूर्वक करने से स्त्रियों को विवाह, संतान व सौभाग्य में वृद्धि होती है.!

-:'संक्रांति वार-नक्षत्र फल':-
कर्क संक्रांति वार नक्षत्र से अर्थ होता है कि संक्रांति किस दिन आरंभ हुई है और संक्रांति किस नक्षत्र में हो रही है. इस वर्ष यह संक्रांति वार और नक्षत्र के योग से बनने पर ब्राह्मण कार्य के लिए अच्छी होगी. इस संक्राम्ति पर पशुओं से लाभ की प्राप्ति भी होगी.!

सूर्य और शनि का समसप्तक दृष्टि होना. मंगल और शनि का दृष्टि संबंध होने के कारण मौसम में अच्छा प्रभाव न बन पाए. आकाल ओर अतिवृष्टि की संभना अधिक रहने वाली है. राजनीतिक अस्थिरता बनेगी. राजा और प्रजा के मध्य संबंध खराब रह सकते हैं. धार्मिक दृष्टिकोण से मजबूती होगी, लोग धर्म कर्म के प्रति रुझान रखेंगे.!

-:'सावन संक्रांति महत्व':-
सावन संक्रांति अर्थात कर्क संक्रांति से वर्षा ऋतु का आगमन हो जाता है. देवताओं की रात्रि प्रारम्भ हो जाती है और चातुर्मास या चौमासा का भी आरंभ इसी समय से हो जाता है. यह समय व्यवहार की दृष्टि से अत्यधिक संयम का होता है क्योंकि इसी समय तामसिक प्रवृतियां अधिक सक्रिय होती हैं. व्यक्ति का हृदय भी गलत मार्ग की ओर अधिक अग्रसर होता है अत: संयम का पालन करके विचारों में शुद्धता का समावेश करके ही व्यक्ति अपने जीवन को शुद्ध मार्ग पर ले जा सकने में सक्षम हो पाता है.!

इस समय उचित आहार विहार पर विशेष बल दिया जाता है. इस समय में शहद का प्रयोग विशेष तौर पर करना लाभकारी माना जाता है. अयन की संक्रांति में व्रत, दान कर्म एवं स्नान करने मात्र से ही प्राणी संपूर्ण पापों से मुक्त हो जाता है. कर्क संक्रांति को 'दक्षिणायन' भी कहा जाता है इस संक्रांति में व्यक्ति को सूर्य स्मरण, आदित्य स्तोत्र एवं सूर्य मंत्र इत्यादि का पाठ व पूजन करना चाहिए जिसे अभिष्ट फलों की प्राप्ति होती है. संक्रांति में की गयी सूर्य उपासना से दोषों का शमन होता है.संक्रांति में भगवान विष्णु का चिंतन-मनन शुभ फल प्रदान करता है.!

-:'कर्क संक्रांति पर करें राशि अनुसार दान':-
मेष राशि :- मेष राशि वालों के लिए सूर्य का गोचर चतुर्थ भाव में हो रहा है.मेष लग्न वालों के लिए सूर्य पंचम भाव का स्वामी बनता है.आपके लिए सूर्य का चौथे भाव में होना इमोशनली आप पर अधिक प्रभाव डालने वाला होगा. सूर्य का चौथे भाव में होना परेशानी और बेचैनी बढ़ाने वाला हो सकता होता है.!
उपाय :-इस समय पर आप को अपने वजन के अनुसार अनाज का दान करना चाहिए.!

वृषभ राशि :- सूर्य का वृषभ राशि में जाना यानी की आपकी मेहनत के बढ़ने का समय होगा. अब बातों से ज्यादा जरुरी होग अकी आप कुछ एक्शन भी करें. लेकिन जरूरी है की आप अपनी मेहनत और सोच को बेहतर ढ़ंग से आगे ले जा सकें. आप अपनी संभावनाओं को आगे बढ़ाने के लिए उत्सुक होंगे.!
उपाय :-धर्म स्थल पर खीर का दान करें.!

मिथुन राशि :- आर्थिक लाभ देने में सकारात्मक रुख दिखा सकता है. वित्त और परिवार के साथ जुड़े मसले इस समय ज्यादा प्रभावित कर सकते हैं. घरेलू मुद्दे अब आपको अधिक अपनी ओर खिंचेंगे. आपको अपने लिए इस समय कुछ संभल कर काम करने की जरूरत होगी. अपना धन उधार देने से बचना चाहिए. कोई रुकी हुई पेमेंट अब मिल सकती है. सूर्य की यह गति पारिवारिक संबंधित खर्चों में वृद्धि करने वाली है. आपको सोच विचार के बाद ही वित्त और परिवार से संबंधित मामले में जरुरी निर्णय लेने की आवश्यकता है.!
उपाय :- आज के दिन ब्राह्मण को घी का दान करें.!

कर्क राशि :- सूर्य की इस गति से काम चल सकता है, भावनात्मक हो सकता है जब चीजें आपके कदम नहीं बढ़ाएंगी. अपनी खोज में उचित प्रगति करने के लिए आपको स्वभावतः सही रहने की आवश्यकता है.आपको संघर्ष से बचने और विवाद से दूर रहने की आवश्यकता है.!
उपाय :- चंदन का दान करें.!

सिंह राशि :- भाई बहनों के साथ ज्यादा उलझें नहीं क्योंकि छोटी से बात भी तनाव को बढ़ाने का काम कर सकती है. किसी भी उतार-चढ़ाव के बारे में सजग रहने की जरुरत होगी. कंधे ओर घुटने का दर्द इस समय परेशान कर सकता है. अपनी ट्रैवलिंग में सावधानी से रहें.!
उपाय :- आज के दिन केसर का दान करें.!

कन्या राशि :- आपके लिए जरुरी है की अपनी बोल-चाल में क्रोध को शामिल न होंने दें. क्यों गुस्से औए आवेग से प्रेरित जल्दबाजी में निर्णय लेने के कारण कुछ बातें बढ़ सकती हैं. परिवार के वरिष्ठ लोगों के साथ से किसी भी तरह के विवाद से खुद को दूर रखें.!
उपाय :- हरी वस्तुओं का दान करें.!

तुला राशि :- सूर्य का कर्क संक्रांति में जाना आप लोगों के काम के क्षेत्र में नए अवसर देने वाला हो सकता है. आपको इस समय पर थोड़ी सावधानी रखनी होगी. बच्चों की ओर से कुछ दिक्कत हो सकती है. रिश्तों को संभाल कर आगे बढ़ना होगा अन्यथा विवाद उभरने में देर नही लगेगा.!
उपाय :-गरीबों को खीर का दान करें.!

वृश्चिक राशि :- परिवार से जुड़ा कोई भी मुद्दा हो तो आक्रामक तरीके से अपने विचार न रखें. अपने शांत रखें और बहुत विनम्रता के साथ बात को संभालें. आपके लिए परिवार में शांति और सद्भाव बनाए रखने की जरूरत होगी. आंखों में जलन या मुंह में छाले हो सकते हैं.!
उपाय :-सात अनाज का दान करें.!

धनु राशि :- कुछ यात्राएं हो सकती हैं. आपके लिए कोई बड़ा वित्तीय लाभ यहां नहीं है. रक्तचाप में अनियमितता से परेशान हो सकते हैं. यहां बहुत सावधानी बरतने की जरूरत है. लोगों के साथ मेल जोल बढ़ेगा. संपत्ति के मामले सामने अधिक सामने होंगे.!
उपाय :- शक्कर का दान करें.!

मकर राशि :- इस स्थान पर बैठे हुए सूर्य आपके लिए परेशानी को बढ़ा सकता है. शनि और सूर्य का समसप्तक में होना अधिकारियों के साथ आपके तालमेल में को काम करने वाला हो सकता है. आपको अपने काम में थोड़ी उलझन का सामना करना पड़ सकता है.!
उपाय :- तिल का दान करें.!

कुम्भ राशि :- काम काज के लिए समय थोड़ा संघर्ष करना पड़ेगा. इस समय आपके किसी काम के पूरा होने में व्यवधान हो सकती है. घरेलू स्तर पर आप पर ज्यादा दबाव होगा. सभी कामों को कर पाना संभव नही होगा. किसी मित्र से बात करके आप अपनी कुछ समस्याओं का हल पा सकेंगे.!
उपाय :- गरीबों को खिचड़ी का दान करें.!

मीन राशि :- हालांकि, आपको व्यवसाय या वित्त से संबंधित प्रमुख निर्णय लेते समय अच्छी तरह से विचार-विमर्श करने करने लेने की आवश्यकता है. व्यावसायिक मोर्चे पर कोई उत्साहजनक काम की परिकल्पना यहां अभी संभव न हो पाए. संतान पक्ष की ओर से चिंताओं में वृद्धि का योग है. अपने स्वास्थ्य को लेकर भी सजग रहें.!
उपाय :- कन्याओं को मीठी वस्तु बांटें.!

नोट :- अपनी पत्रिका से सम्वन्धित विस्तृत जानकारी अथवा ज्योतिष,अंकज्योतिष,हस्तरेखा,वास्तु एवं याज्ञिक कर्म हेतु सम्पर्क करें...!